#मधुरेन्द्र ने दुर्गा मां की भव्य आकृति बनाकर बाढ़ पीड़ितों की पीड़ा को दिलायी याद
#नवरात्र पर मधुरेन्द्र ने बालू में विशालकाय प्रतिमा उकेर दुर्गा मां से मांगी, बाढ़ पीड़ितों की राहत की दुआएं
#पूर्वी चंपारण के मधुरेन्द्र ने रक्सौल के कोइरिटोला में बालू पर उकेरी दुर्गा माता की आकृति
रक्सौल,पूर्वी चंपारण : अंतराष्ट्रीय भारत नेपाल सिमा स्थित रक्सौल में विश्वविख्यात सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने इस बार अनोखे अंदाज में नवरात्र पर माँ दुर्गा के प्रति श्रद्धा व विश्वास व्यक्त करते हुए नमन किया है. उन्होंने शहर के कोइरिया टोला स्थित पूजा पंडाल परिसर में बालू से माता दुर्गा की भव्य आकृति उकेर कर एक ओर अपनी उत्कृष्ट कला व व्यापक नजरिये से सुर्खियां बटोरी है. दूसरी ओर उन्होंने अपने अंतर्मन की आवाज को बालू की भीत पर अंकित कर मां से प्रार्थना की है कि बिहार को बाढ़ व प्राकृतिक आपदा से बचाएं.यह आकर्षण का केंद्र बनी हुई है. लोग अपने मोबाइल फोन में कलाकृति के साथ अपनी सेल्फी ले रहे हैं.पड़ोसी नेपाल और क्षेत्रीय लोगों भी उनकी कला का प्रशंशा कर रहें हैं.
सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने बताया कि इस दुर्गा माँ हाथी पर सवार होकर आयी हैं और सारा दुनिया मां की भक्ति में लीन हैं. लेकिन मैं मां का भव्य प्रतिमा बनाकर उनको याद दिलाना चाहता हूं कि बिहार में आयी भयंकर बाढ़ से प्रभावित लोगों के राहत के लिए दुर्गा मां से प्रार्थना किया हूं कि मां बाढ़ पीड़ितों को कल्याण करें.दुर्गा पूजा समिति के संरक्षक ई.जितेंद्र कुमार ने बताया कि मुख्य पंडाल विराजमान मां दुर्गा मंच के ठीक सामने में सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र द्वारा बनायीं गयी है.
इस साल हाथी पर सवार दुर्गा मां की अद्भुत कलाकृति लोगों को आकर्षित कर संदेश दे रहा हैं.यह जिले का मुख्य आकर्षण हैं. इसके लिए समिति के अध्यक्ष अनीश कुमार कुशवाहा ने कला सामग्री रंग-बिरंगी अबीर व प्रयाप्त मात्रा में बालू की व्यवस्था करायी थी. गौरतलब हो कि सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ऐसे ही विशेष अवसर पर अपनी कला के जरिये लोगों को नया- नया संदेश देकर जागरूक करते रहते हैं.
मौके पर समाजसेवी रजनीश गुप्ता, बच्चा प्रसाद, भगतजी सुजीत कुमार, मनीष, प्रशांत, अभिषेक, मुन्ना, शैलेश, विक्की, अमित समेत सैकड़ो लोगों ने मधुरेन्द्र की कलाकृति का प्रशंशा की.
#नवरात्र पर मधुरेन्द्र ने बालू में विशालकाय प्रतिमा उकेर दुर्गा मां से मांगी, बाढ़ पीड़ितों की राहत की दुआएं
#पूर्वी चंपारण के मधुरेन्द्र ने रक्सौल के कोइरिटोला में बालू पर उकेरी दुर्गा माता की आकृति
रक्सौल,पूर्वी चंपारण : अंतराष्ट्रीय भारत नेपाल सिमा स्थित रक्सौल में विश्वविख्यात सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने इस बार अनोखे अंदाज में नवरात्र पर माँ दुर्गा के प्रति श्रद्धा व विश्वास व्यक्त करते हुए नमन किया है. उन्होंने शहर के कोइरिया टोला स्थित पूजा पंडाल परिसर में बालू से माता दुर्गा की भव्य आकृति उकेर कर एक ओर अपनी उत्कृष्ट कला व व्यापक नजरिये से सुर्खियां बटोरी है. दूसरी ओर उन्होंने अपने अंतर्मन की आवाज को बालू की भीत पर अंकित कर मां से प्रार्थना की है कि बिहार को बाढ़ व प्राकृतिक आपदा से बचाएं.यह आकर्षण का केंद्र बनी हुई है. लोग अपने मोबाइल फोन में कलाकृति के साथ अपनी सेल्फी ले रहे हैं.पड़ोसी नेपाल और क्षेत्रीय लोगों भी उनकी कला का प्रशंशा कर रहें हैं.
सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ने बताया कि इस दुर्गा माँ हाथी पर सवार होकर आयी हैं और सारा दुनिया मां की भक्ति में लीन हैं. लेकिन मैं मां का भव्य प्रतिमा बनाकर उनको याद दिलाना चाहता हूं कि बिहार में आयी भयंकर बाढ़ से प्रभावित लोगों के राहत के लिए दुर्गा मां से प्रार्थना किया हूं कि मां बाढ़ पीड़ितों को कल्याण करें.दुर्गा पूजा समिति के संरक्षक ई.जितेंद्र कुमार ने बताया कि मुख्य पंडाल विराजमान मां दुर्गा मंच के ठीक सामने में सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र द्वारा बनायीं गयी है.
इस साल हाथी पर सवार दुर्गा मां की अद्भुत कलाकृति लोगों को आकर्षित कर संदेश दे रहा हैं.यह जिले का मुख्य आकर्षण हैं. इसके लिए समिति के अध्यक्ष अनीश कुमार कुशवाहा ने कला सामग्री रंग-बिरंगी अबीर व प्रयाप्त मात्रा में बालू की व्यवस्था करायी थी. गौरतलब हो कि सैंड आर्टिस्ट मधुरेन्द्र ऐसे ही विशेष अवसर पर अपनी कला के जरिये लोगों को नया- नया संदेश देकर जागरूक करते रहते हैं.
मौके पर समाजसेवी रजनीश गुप्ता, बच्चा प्रसाद, भगतजी सुजीत कुमार, मनीष, प्रशांत, अभिषेक, मुन्ना, शैलेश, विक्की, अमित समेत सैकड़ो लोगों ने मधुरेन्द्र की कलाकृति का प्रशंशा की.



