भभुआ/कैमूर। शनिवार को एनआरसी एवं सीएबी के विरोध में कौमी एकता मंच समेत अन्य संगठनों के आह्वान पर अल्पसंख्यक मुस्लिम समुदाय के साथ अन्य लोगों ने शामिल होकर भभुआ शहर में विरोध मार्च निकाला. भभुआ शहर के पटेल चौक से होते हुए समाहरणालय पहुंचा। वहां से पुनः एकता चौक पहुंचकर संपन्न हुआ। विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व डॉक्टर आम्बेडर स्टूडेंट फ्रंड ऑफ इंडिया के जमीन खान, कौमी एकता मंच के सब्बीर आलम, ऑल इंडिया मजलिस एतिहादुल मुस्लिमिन फैन क्लब के सोनू खान सहित अन्य लोगों ने किया. प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे डॉक्टर आम्बेडर स्टूडेंट फ्रंड ऑफ इंडिया के जमीन खान ने इस विधेयक को देश के लिए काला कानून बताया और कहा कि जिस दिन यह विधेयक पारित हुआ वह लोकतंत्र के लिए काला दिन था।
विधेयक के कारण दूसरे देश में भी भारत की छवि खराब हो रही है। केंद्र सरकार धर्म के नाम पर देश को बांटने का प्रयास कर रही है.उक्त लोगों ने कहा कि नागरिकता बिल से देशवासियों के बीच भेदभाव पैदा होगा. उन्होंने कानून रद्द करने की मांग की.जुलूस में शामिल लोग संविधान बचाओ-देश बचाओ का नारा लगा रहे थे. विरोध मार्च में सामाजिक कार्यकर्ता सतीश यादव उर्फ पिंटू, शाहिद खां, आमीर अंसारी, वसीम खां, इलियास अंसारी, मासूक खां, हनिफ खां, असफाक बब्लू, शहिद वकार,इमरान खान आनंद कुमार दिनकर, गौतम कुमार,रब्बानी खान,औरंगजेब खान सहित अन्य लोग शामिल रहे.
विधेयक के कारण दूसरे देश में भी भारत की छवि खराब हो रही है। केंद्र सरकार धर्म के नाम पर देश को बांटने का प्रयास कर रही है.उक्त लोगों ने कहा कि नागरिकता बिल से देशवासियों के बीच भेदभाव पैदा होगा. उन्होंने कानून रद्द करने की मांग की.जुलूस में शामिल लोग संविधान बचाओ-देश बचाओ का नारा लगा रहे थे. विरोध मार्च में सामाजिक कार्यकर्ता सतीश यादव उर्फ पिंटू, शाहिद खां, आमीर अंसारी, वसीम खां, इलियास अंसारी, मासूक खां, हनिफ खां, असफाक बब्लू, शहिद वकार,इमरान खान आनंद कुमार दिनकर, गौतम कुमार,रब्बानी खान,औरंगजेब खान सहित अन्य लोग शामिल रहे.


