दो बच्चों के सिर से उठ गया पिता का साया, परिजनों में मची चीख पुकार,रो रोकर बुरा हाल
रामपुर कैमूर। कैमूर के युवक की शुक्रवार को कोलकाता में सड़क दुर्घटना में मौत हो गयी थी। जिसका शव रविवार की सुबह 6 बजे गांव में पहुंचते ही कोहराम मच गया। परिजनों द्वारा शव को देखते ही चीख-पुकार मच गया।रो रोकर बुरा हाल हो गया। मृतक युवक रामपुर प्रखंड के करमचट थाना क्षेत्र के सबार गांव के स्वर्गीय अरविंद गुप्ता के पुत्र 27 वर्षीय पुत्र नीरज कुमार गुप्ता बताया जाता है।
मिली जानकारी के मुताबिक, मृतक नीरज गुप्ता अपने बड़े भाई धीरज गुप्ता के साथ कोलकाता के बाघा ज्योति में रहकर जनरल स्टोर दुकान चलाता था। कोरोना को लेकर हुए देशव्यापी लॉक डाउन के कारण परेशान रह रहा था। लॉक डाउन में बंद रहने लगा था। लेकिन कुछ दिनों बाद जब दुकान शुरू भी हुआ तो मन नहीं लग रहा था। परिवार के लोगों से मिलने को बेचैनी थी। लेकिन लॉक डाउन में ट्रेन के नहीं चलने कारण वह अपने गांव सबार नहीं आ पा रहा था।
परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को नीरज को सुबह से घबड़ाहट हो रही थी। वह अपने छोटे भाई प्रिंस से फोन से बात किया था और उसे कोलकाता आने की बात कर रहा था और वह अपने को गांव आने की बात कर रहा था। उसने यह भी बताया था कि दो दिनों बाद पास बनवाकर किसी गाड़ी से आऊँगा। लेकिन परिवारवालों को क्या पता था कि वह उससे आखिरी बात हो रही है। बताया गया कि, दोपहर में वह बड़े भाई से मेडिकल दुकान से दवा लेने और दुकान खोलने की बात कह कर साईकिल से निकला था। इसी बीच रास्ते में अज्ञात वाहन ने उसके साइकिल में टक्कर मार दी। जिसके बाद वह दूर फेंका गया और सिर में गंभीर चोट लग गयी।
मौके पर इलाज के अभाव में घटनास्थल पर उसने दम तोड़ दिया। वही सूचना पर मौके पर पुलिस ने पहुँच कर शव को अपने कब्जे में ले लिया। इसके बाद पुलिस ने उसके मोबाईल से संपर्क नंबर से फोन लगाया गया तो उसकी छोटी बहन पूजा को फोन लगाया और घटना के बारे में जानकारी दी। इसके बाद छोटी बहन पूजा ने कोलकाता में अपने बड़े भाई को फोन कर घटना की जानकारी दी।
बड़ा भाई पुलिस थाने पहुँच कर घटना के बारे में जानकारी प्राप्त किया पुलिस से। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम कराने के बाद शनिवार की शाम शव को बड़े भाई को सौंप दिया। जिसके बड़ा भाई धीरज शव को लेकर सभी कागजात बनवाने के बाद निजी वाहन से 21हज़ार रुपये खर्च अपने गांव सबार पहुँचा। गांव में शव पहुँचते ही कोहराम मच गया। ग्रामीण शव का अंतिम दर्शन के लिए पहुँचने लगे। परिजनों का चीख पुकार रो रोकर बुरा हाल हो गया। परिजनों व ग्रामीणों द्वारा अंतिम दाह संस्कार सबार गांव के दुर्गावती नदी पर ले जाकर किया गया।
5 साल पहले हुई थी शादी
परिजनों के अनुसार, मृतक नीरज का शादी 5 साल पहले 2015 में कोचस में सोनम कुमारी से हुई थी। जिसके बाद दो बच्चे थे। जिसमें एक बड़ा बेटा 3 वर्षीय जिगर कुमार और 2 वर्षीय बेटी है। पिता की मौत से दो बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया। उसकी पत्नी सोनम अपने बच्चों को लेकर मायके कोचस गयी हुई थी।जब पति के एक्सीडेंट की खबर सुनी तो वह अपने ससुराल आयी। जब रविवार की सुबह शव पहुँचा तो पत्नी सोनम पति के शव को देखते ही दहाड़ मार कर रोने लगी। वही मां उर्मिला कुंवर, भाई, बहन सभी रोने लगे। पिता के शव को देख कर दोनों बच्चें समझ नहीं पा रहे थे कि क्या हो रहा है? सब क्यों रो रहे है ?
मृतक अपने पांच भाई बहन में था तीसरा नंबर पर
परिजनों से मिली जानकारी के मुताबिक, मृतक नीरज के उसे लेकर तीन भाई और दो बहन है। जिसमें वह तीसरे नंबर पर था। उसे लेकर दो भाई दो बहन का शादी हो चुका था। सबसे बड़ा भाई धीरज गुप्ता, बड़ी बहन पूनम, छोटी बहन पूजा और छोटा भाई प्रिंस है।

