दुर्गावती। प्रखंड मे बाजार से लेकर ग्रामीण इलाकों मे लोगों ने छतों बालकनी चोखट संग दरवाजों पर दीप जलाए.लोगों ने कोरोना के खिलाफ इस मुहिम मे हिस्सा लिया.इस दौरान खजुरा बाजार, कर्मनाशा, महमुदगंज, चेहरियां,कल्याणपुर, दुर्गावती बजार,नुआव सहित ग्रामीण इलाकों मे लोगों दीप जलाया.दीपक और मोमबत्ती जलाने के बाद सोशल मिडिया मे तस्वीरे वीडियो पोस्ट करना शुरू कर दिया.
गौरतलब है की तीन अप्रैल को प्रधानमंत्री मोदी ने एक वीडियो संदेश में देश की जनता से यह अपील की थी.उन्होंने कहा था कि इस रविवार रात नौ बजे नौ मिनट के लिए हर व्यक्ति घर की सभी लाइटें बंद करके अपने दरवाजे या बालकनी में आकर दीया, मोमबत्ती, टॉर्च या मोबाइल की फ्लैशलाइट जलाए.चारों तरफ जब हर व्यक्ति एक-एक दिया जलाएगा,
तब प्रकाश की महाशक्ति का अनुभव होगा.यह उजागर होगा कि एक ही मकसद से हम सब लड़ रहे हैं.उन्होंने वीडियो के माध्यम से कहा था कि उस प्रकाश के बीच हम सब अपने मन में संकल्प करें कि हम अकेले नहीं हैं.130 करोड़ भारतीय एक ही संकल्प से बंधे हैं.हमारे उत्साह से बड़ी कोई ताकत नहीं है.
कोरोना के विरुद्ध युद्ध को भी इसी उत्साह से जीतना है.इसी क्रम मे लोगों ने छतो बालकनी चौखट संग दरवाजों पर घरों मे दीप जलाया. जो आज जैसे ही 9 बजे लोगों ने अपने घरों के दरवाजे व बालकनी में दीपक,मोमबत्तियां, टॉर्च व मोबाईल फ्लैश लाइट जलाना शुरु कर दिया। ऐसा लग रहा था जैसे मानो दीपावली की त्योहार हो।
गौरतलब है की तीन अप्रैल को प्रधानमंत्री मोदी ने एक वीडियो संदेश में देश की जनता से यह अपील की थी.उन्होंने कहा था कि इस रविवार रात नौ बजे नौ मिनट के लिए हर व्यक्ति घर की सभी लाइटें बंद करके अपने दरवाजे या बालकनी में आकर दीया, मोमबत्ती, टॉर्च या मोबाइल की फ्लैशलाइट जलाए.चारों तरफ जब हर व्यक्ति एक-एक दिया जलाएगा,
तब प्रकाश की महाशक्ति का अनुभव होगा.यह उजागर होगा कि एक ही मकसद से हम सब लड़ रहे हैं.उन्होंने वीडियो के माध्यम से कहा था कि उस प्रकाश के बीच हम सब अपने मन में संकल्प करें कि हम अकेले नहीं हैं.130 करोड़ भारतीय एक ही संकल्प से बंधे हैं.हमारे उत्साह से बड़ी कोई ताकत नहीं है.
कोरोना के विरुद्ध युद्ध को भी इसी उत्साह से जीतना है.इसी क्रम मे लोगों ने छतो बालकनी चौखट संग दरवाजों पर घरों मे दीप जलाया. जो आज जैसे ही 9 बजे लोगों ने अपने घरों के दरवाजे व बालकनी में दीपक,मोमबत्तियां, टॉर्च व मोबाईल फ्लैश लाइट जलाना शुरु कर दिया। ऐसा लग रहा था जैसे मानो दीपावली की त्योहार हो।





