रामपुर।प्रखण्ड के विभिन्न गांवों से सैकड़ो प्रवासी विभिन्न राज्यों से पलायन कर अपने गांव घर पहुँचे लोगों को क्वारन्टीन सेंटर रखा गया तो कई लोगों को होम क्वारन्टीन रहने की सलाह दी गयी। बाहर से आये प्रवासी मजदूरों की सैंपल जांच कराने पर तीन कोरोना पॉजिटिव मरीज मिलने का मामला सामने आया। जिसके बाद क्षेत्र में हडकंप में मचा गया।
पीएचसी प्रभारी डॉ प्रमोद कुमार ने बताया की सिविल सर्जन के निर्देशानुसार प्रखंड क्वारन्टीन सेंटर व होम क्वारन्टीन सहित सब्जी व फल बेच रहे दुकानदारों की रविवार को 90 लोगो की कोरोना जांच के लिए सैंपल भेजा गया था। जिसमे बुधवार को सैंपल जांच के दौरान रामपुर प्रखंड क्षेत्र होम क्वारन्टीन सेंटर के तीन प्रवासियों का कोरोना की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आया।
जिसके बाद रामपुर पीएचसी की मेडिकल टीम सूचना पर तीनो प्रवासियो को इलाज के लिए भभुआ आइसोलेशन सेंटर भेज दिया गया। तीन पॉजिटिव मरीजों में एक गुजरात के राजकोट से,एक दादर नहर हवेली व एक मुंबई स्व आया है। बताया गया है पॉजिटिव पाए गए मरीजों में किसी भी प्रकार कोई लक्षण नहीं था। लेकिन उनका जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आया है।
बिना लक्षण वाले मरीजों में ए सिप्टोमैटिक मामला कहा जाता है। मेडिकल टीम द्वारा होम क्वारन्टीन में रहने वाले प्रवासियों को घर से बाहर नहीं निकलने की सलाह दी गयी थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ स्वास्थ्य विभाग को बातों को अनदेखा कर गांवों में घूमते रहे और लोगों से संपर्क में भी रहे। लेकिन जब रामपुर में तीन पॉजिटिव मरीज जिन गांवों में मिले।उस गांव में हड़कंप मच गया।
जो लोग पॉजिटिव मरीजों के संपर्क में आये थे वे दहशत में हो गए। लोगों में चर्चा की जा रही थी अब तक रामपुर प्रखंड सुरक्षित था। लेकिन लगातार प्रवासी मजदूर की आने सिलसिला रहने व चिकित्सको द्वारा केवल थर्मल स्क्रीनिंग कर होम क्वारन्टीन करा दिया जा रहा था। जिसका नतीजा यह हुआ कि रामपुर भी कोरोना के चपेट में आ गया। लोगो द्वारा अब काफी सावधानी व अपने परिवार को सुरक्षित रखने के लिए लोगो से सलाह ले रहे थे।

