7 कुत्तों की जहर देकर हत्या व मंदिर में चोरी होने का मामला सामने आया है। बताया जाता है कि चोरों द्वारा कुत्ता की हत्या मां काली मंदिर चोरी करने के पहले किया। ताकि चोरी करने के दौरान कुत्ते भौंकने न पाए और वह आराम से मन्दिर में चोरी कर पाए। दरअसल, मोहनियां रेलवे माल गोदाम रोड स्थित मां काली मंदिर का दरवाजा तोड़कर चोरों ने दान पेटी से 15 हजार रुपए चोरी कर फरार हो गए। वहीं चोरी करने से पहले चोरों ने मंदिर के अगल बगल में रह रहे सात कुत्तों को भी जहर देकर मार दिया है।
बताया जाता है कि चोरों ने प्लानिंग के तहत कुत्तों को इसलिए मारा की चोरी करने में कुत्ते कहीं भौककर चोरी करने में बाधा न पहुंचाएं। इन सात कुत्तों को जहर देने के बाद चोरों ने इस घटना को अंजाम दिया है। वही जब सुबह में इस घटना की जानकारी काली मां मंदिर के सचिव धीरेंद्र प्रताप सिंह को हुई तो उन्होंने फौरन भभुआ रोड रेलवे के जीआरपी थाना प्रभारी को सूचित किया।
जिसके बाद घटनास्थल पर निरीक्षण करने के लिए जीआरपी और मोहनिया थाना मंदिर पर पहुंचकर घटना का जायजा लिया। वहीं इस घटना को लेकर मंदिर के सचिव ने प्रशासन से अज्ञात चोरों के खिलाफ कार्रवाई करने का मांग किया है।
वहीं घटना के संबंध में मंदिर पूजा समिति के सचिव धीरेंद्र प्रताप सिंह बताते हैं कि चोरों ने मंदिर का दरवाजा तोड़कर दान पेटी से 15 से 20 हजार रुपयों की चोरी की है। जबकि मंदिर के अगल-बगल में रहने वाले सात निरीह प्राणी कुत्तों को भी जहर देकर मार दिया है। मंदिर में आरती होने के बाद यह निरीह प्राणी प्रसाद लेने के लिए रहते थे। जो कि इनको भी चोरों ने नहीं बक्शा। मैं प्रशासन से मांग करता हूं कि जल्द से जल्द इसका खुलासा करें।
वही लोगों में चर्चा है चोरों द्वारा चोरी की सजा तो बड़ी बात नहीं ब्लिक 7 कुत्तों के लिए हत्या के लिए कठोर से कठोर सजा मिलनी चाहिए। ऐसा पहले कभी नहीं हुआ कि चोरों द्वारा चोरी के लिए कुत्तों की हत्या की गई हो। चोरी तो हमेशा होते ही रहता है।
कुत्तों के मौत पर कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
मोहनियां नगर पंचायत के मुख्य पार्षद प्रतिनिधि शिवजी ने बताया कि मोहनियां में मंदिर में चोरी के लिए चोरों द्वारा 7 कुत्तों की जहर देकर मार दिया गया। जो सघन अपराध है।हम स्थानीय पुलिस प्रशासन व जीआरपी से मांग करते है कि सातों कुत्तों की पोस्टमार्टम करा कर जल्द से जल्द चोरों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की जाए। अगर ऐसा नहीं तो हम आंदोलन करेंगे। जब किसी व्यक्ति की मौत होता है तो तत्काल उसकी पोस्टमार्टम होता है, तो सात कुत्तों की मौत पर क्यो पोस्टमार्टम नहीं होगा। पोस्टमार्टम से ही काली मंदिर के चोरी का पता चल पाएगा।
